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खनिज संरक्षण एवं विकास (संशोधन) नियम, 2021

खनिज संरक्षण एवं विकास (संशोधन) नियम, 2021: प्रासंगिकता

  • जीएस 2: विभिन्न क्षेत्रों में विकास के लिए सरकार की नीतियां एवं अंतः क्षेप एवं उनकी अभिकल्पना एवं कार्यान्वयन से उत्पन्न होने वाले मुद्दे।

 

खनिज संरक्षण एवं विकास (संशोधन) नियम, 2021: प्रसंग

  • हाल ही में, खान मंत्रालय ने खनिज संरक्षण एवं विकास नियम, 2017 में संशोधन करने हेतु खनिज संरक्षण एवं विकास (संशोधन) नियम, 2021 को अधिसूचित किया है।

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खनिज संरक्षण एवं विकास (संशोधन) नियम, 2021: मुख्य बिंदु

  • एमसीडीआर (खनिज संरक्षण एवं विकास नियम) को खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 के अंतर्गत देश में खनिजों के संरक्षण, व्यवस्थित एवं वैज्ञानिक खनन, खनिज के विकास तथा पर्यावरण की सुरक्षा के लिए नियम प्रदान करने हेतु तैयार किया गया है।

 

संशोधन नियम

ड्रोन का उपयोग

  • नियम निर्धारित करते हैं कि खनन से संबंधित सभी योजनाएं डिजिटल ग्लोबल पोजिशनिंग सिस्टम (डीजीपीएस) के संयोजन या ड्रोन सर्वेक्षण द्वारा तैयार की जाएंगी जैसा कि भारतीय खान ब्यूरो (आईबीएम) द्वारा निर्दिष्ट किया जाए।
  • संशोधित नियम पट्टेदारों एवं आशय पत्र धारकों द्वारा खनन क्षेत्रों की डिजिटल छवियों को प्रस्तुत करने का प्रावधान करते हैं।
  • 1 मिलियन टन या उससे अधिक की वार्षिक उत्खनन योजना वाले या 50 हेक्टेयर या उससे अधिक के पट्टे वाले क्षेत्र वाले पट्टेदारों को प्रत्येक वर्ष पट्टे (लीज) की सीमा के बाहर एवं 100 मीटर तक लीज क्षेत्र की ड्रोन सर्वेक्षण छवियां प्रस्तुत करने की आवश्यकता होती है।
  • इस कदम से न केवल खान नियोजन प्रथाओं, खानों में सुरक्षा एवं संरक्षा में सुधार होगा बल्कि खनन कार्यों का बेहतर पर्यवेक्षण भी सुनिश्चित होगा।
  • इसके लिए कार्टोसैट-2 उपग्रह से प्राप्त उपग्रह छवियों को प्रस्तुत करना आवश्यक है।

दंड देने की शक्ति

  • राज्य सरकार के अलावा, अधूरी या गलत या झूठी सूचना के विरुद्ध कार्रवाई करने की शक्ति आईबीएम को प्रदान की गई है।

छोटे खनिकों के लिए प्रावधान

  • यह, 25 हेक्टेयर से कम के पट्टे वाले क्षेत्र ‘ए’ की खदानों के लिए एक अंशकालिक खनन अभियंता अथवा एक अंशकालिक भूविज्ञानी की संबद्धता की अनुमति प्रदान करता है।
  • इससे छोटे खनिकों पर अनुपालन बोझ कम होगा।

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खनन डिग्री

  • रोजगार के अवसर बढ़ाने हेतु, खान सुरक्षा महानिदेशक द्वारा जारी योग्यता के द्वितीय श्रेणी प्रमाण पत्र के साथ विधिवत मान्यता प्राप्त संस्थान द्वारा प्रदान किए गए खनन एवं खान सर्वेक्षण में डिप्लोमा, पूर्णकालिक खनन अभियंता के लिए योग्यता में जोड़ा गया है।

दंडात्मक प्रावधान

  • नियमों में दंड प्रावधानों को युक्तिसंगत बनाया गया है। नियमों में संशोधन निम्नलिखित प्रमुख शीर्षों के तहत नियमों के उल्लंघन को वर्गीकृत करता है:
  • प्रमुख उल्लंघन: कारावास की सजा, अर्थदंड या दोनों।
  • गौण उल्लंघन: दंड कम किया गया। ऐसे उल्लंघनों के लिए मात्र अर्थदंड (जुर्माने का दंड) निर्धारित है।
  • अन्य नियमों के उल्लंघन को अपराध से मुक्त कर दिया गया है। इन नियमों ने रियायत धारक या किसी अन्य व्यक्ति पर कोई महत्वपूर्ण दायित्व नहीं डाला। इस प्रकार, 24 नियमों के उल्लंघन को अपराध से मुक्त कर दिया गया है।
  • वित्तीय आश्वासन
  • श्रेणी ‘ए’ की खदानों के लिए वित्तीय आश्वासन की राशि को वर्तमान तीन एवं दो लाख रुपये से बढ़ाकर क्रमशः खदानों के लिए पांच लाख रुपये एवं श्रेणी बीकी खदानों के लिए तीन लाख रुपये कर दिया गया है।

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