UPSC Exam   »   Election Commission of India: Composition, Role, Tenure, Power and Function   »   International Election Visitors Program 2022

अंतर्राष्ट्रीय चुनाव आगंतुक कार्यक्रम 2022

अंतर्राष्ट्रीय चुनाव आगंतुक कार्यक्रम- यूपीएससी परीक्षा के लिए प्रासंगिकता

  • जीएस पेपर 2: शासन, प्रशासन और चुनौतियां- विभिन्न क्षेत्रों में विकास के लिए सरकार की नीतियां एवं अंतः क्षेप तथा उनकी अभिकल्पना एवं कार्यान्वयन से उत्पन्न होने वाले मुद्दे।

अंतर्राष्ट्रीय चुनाव आगंतुक कार्यक्रम 2022_40.1

समाचारों में अंतर्राष्ट्रीय चुनाव आगंतुक कार्यक्रम

  • हाल ही में, भारत के निर्वाचन आयोग (इलेक्शन कमीशन ऑफ इंडिया/ईसीआई) ने वर्चुअल इंटरनेशनल इलेक्शन विजिटर्स प्रोग्राम (आईईवीपी) 2022 की मेजबानी की।

 

अंतर्राष्ट्रीय चुनाव आगंतुक कार्यक्रम क्या है

  • पृष्ठभूमि: अंतर्राष्ट्रीय चुनाव आगंतुक कार्यक्रम (इंटरनेशनल इलेक्शन विजिटर्स प्रोग्राम/आईईवीपी) 2012 के चुनावों के बाद से भारत द्वारा आयोजित किया जा रहा है।
  • इंटरनेशनल इलेक्शन विजिटर्स प्रोग्राम के बारे में: अंतर्राष्ट्रीय चुनाव आगंतुक कार्यक्रम में, अंतर्राष्ट्रीय प्रतिनिधियों को मतदान केंद्रों का दौरा करने एवं व्यक्तिगत रूप से स्वयं उपस्थित होकर चुनावी प्रक्रियाओं को व्यवहार में देखने के लिए आमंत्रित किया जाता है।
    • यात्रा प्रतिबंधों के साथ कोविड महामारी के दौरान भी, भारत में आईईवीपी को बंद नहीं किया गया है एवं एक अभिनव आभासी माध्यम में इसे आयोजित किया जा रहा है।
  • भागीदारी: चुनाव प्रबंधन निकायों (इलेक्शन मैनेजमेंट बॉडीज/ईएमबी) के लिए अंतर्राष्ट्रीय चुनाव आगंतुक कार्यक्रम (आईईवीपी) 2022 में लगभग 32 देशों  तथा चार अंतर्राष्ट्रीय संगठनों ने भाग लिया।
  • प्रमुख कार्यक्रम: गोवा, मणिपुर, पंजाब, उत्तराखंड तथा उत्तर प्रदेश की विधानसभाओं के लिए  जारी चुनावों का एक सिंहावलोकन, ऑनलाइन भाग लेने वाले 150 से अधिक ईएमबी प्रतिनिधियों के समक्ष प्रस्तुत किया गया।

अंतर्राष्ट्रीय चुनाव आगंतुक कार्यक्रम 2022_50.1

भारत का निर्वाचन आयोग (इलेक्शन कमीशन ऑफ इंडिया/ईसीआई)

  • गठन: भारत के संविधान के प्रावधानों के अनुसार 25 जनवरी 1950 को भारत के निर्वाचन आयोग की स्थापना की गई थी। 1
    • 989 तक, यह एक एकल सदस्यीय आयोग था जिसे चुनाव आयुक्त संशोधन अधिनियम 1989 द्वारा तीन सदस्यों तक विस्तारित किया गया था।
    • बाद में 1990 में, चुनाव आयुक्तों ( इलेक्शन कमिश्नर्स/ईसी) के दो पदों को समाप्त कर दिया गया था,  किंतु 1993 में पुनः राष्ट्रपति ने दो अन्य चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति। उस समय से, भारत के निर्वाचन आयोग के पास एक  मुख्य निर्वाचन आयुक्त तथा दो अन्य निर्वाचन आयुक्त हैं।
  • भारत के निर्वाचन आयोग के बारे में:  भारत का निर्वाचन आयोग भारत में संघ तथा राज्य  के निर्वाचन प्रक्रियाओं के प्रशासन  हेतु उत्तरदायी एक स्वायत्त संवैधानिक प्राधिकरण है।
  • मुख्य कार्य: भारत का चुनाव आयोग (इलेक्शन कमीशन ऑफ इंडिया/ईसीआई) भारत में लोकसभा, राज्यसभा  तथा राज्य विधानसभाओं एवं देश में राष्ट्रपति  तथा उपराष्ट्रपति के पदों के लिए निर्वाचन का संचालन करता है।
  • संवैधानिक प्रावधान:
    • भारतीय संविधान का भाग XV: निर्वाचन से संबंधित है तथा इन मामलों के लिए एक आयोग की स्थापना करता है।
    • संविधान का अनुच्छेद 324 से 329: आयोग  तथा सदस्यों की शक्तियों, कार्य, कार्यकाल, पात्रता इत्यादि से संबंधित है।

 

भारत के राष्ट्रपति | राष्ट्रपति के प्रमुख कार्य एवं शक्तियां भारत के राष्ट्रपति (अनुच्छेद 52-62): भारत के राष्ट्रपति के संवैधानिक प्रावधान, योग्यता एवं निर्वाचन  संपादकीय विश्लेषण- सील्ड जस्टिस कार्बन तटस्थ कृषि पद्धतियां
गवर्नमेंट ई-मार्केटप्लेस (जीईएम) | GeM पोर्टल अधिप्राप्ति में INR 1 लाख करोड़ रुपए तक पहुंचा  विश्व वायु गुणवत्ता रिपोर्ट 2021 पारद पर मिनामाता अभिसमय  सीयूईटी 2022: UG प्रवेश के लिए सामान्य परीक्षा
संयुक्त राष्ट्र विश्व जल विकास रिपोर्ट 2022 ई-गोपाला पोर्टल संपादकीय विश्लेषण- एक भारतीय विधायी सेवा की आवश्यकता संयुक्त राष्ट्र विश्व जल विकास रिपोर्ट 2022

Sharing is caring!

Thank You, Your details have been submitted we will get back to you.

Leave a comment

Your email address will not be published.