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डब्ल्यूएचओ ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन इन इंडिया

डब्ल्यूएचओ ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन- यूपीएससी परीक्षा के लिए प्रासंगिकता

  • जीएस पेपर 2: अंतर्राष्ट्रीय संबंध- महत्वपूर्ण अंतर्राष्ट्रीय संस्थान, एजेंसियां ​​एवं मंच- उनकी संरचना,  अधिदेश।

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खबरों में डब्ल्यूएचओ ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन

  • हाल ही में, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने गुजरात के जामनगर में विश्व स्वास्थ्य संगठन के पारंपरिक चिकित्सा हेतु वैश्विक केंद्र (डब्ल्यूएचओ ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन) ( डब्ल्यूएचओ जीसीटीएम) की स्थापना को स्वीकृति प्रदान की है।
  • भारत ने भारत में पारंपरिक चिकित्सा के लिए डब्ल्यूएचओ वैश्विक केंद्र की स्थापना के लिए विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के साथ एक मेजबान देश समझौते पर हस्ताक्षर किए।
    • डब्ल्यूएचओ ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन संपूर्ण विश्व में पारंपरिक चिकित्सा के लिए  प्रथम एवं एकमात्र वैश्विक दूरस्थ केंद्र (कार्यालय) होगा।

 

डब्ल्यूएचओ ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन के बारे में मुख्य तथ्य

  • प्रमुख भूमिका: 
    • WHO GCTM पारंपरिक चिकित्सा से संबंधित सभी वैश्विक स्वास्थ्य मामलों में नेतृत्व प्रदान करेगा।
    • डब्ल्यूएचओ ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन सदस्य देशों को पारंपरिक चिकित्सा अनुसंधान, प्रथाओं एवं सार्वजनिक स्वास्थ्य से संबंधित विभिन्न नीतियों को आकार देने में भी सहायता प्रदान करेगा।
  • मूल मंत्रालय: डब्ल्यूएचओ ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन की स्थापना आयुष मंत्रालय के अधीन जामनगर में की जाएगी।
  • महत्व: आगामी WHO- GCTM एवं WHO के सहयोग से कई अन्य पहलें भारत को संपूर्ण विश्व में पारंपरिक चिकित्सा के स्थापन में लाने में सहायता करेंगी।

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डब्ल्यूएचओ ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन के प्रमुख लाभ

भारत में डब्ल्यूएचओ ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन की स्थापना निम्नलिखित को अग्रसर करेगी-

  • आयुष प्रणालियों को संपूर्ण विश्व में स्थापित करने हेतु
  • पारंपरिक चिकित्सा से संबंधित वैश्विक स्वास्थ्य मामलों में नेतृत्व प्रदान करना।
  • पारंपरिक चिकित्सा की गुणवत्ता, सुरक्षा एवं प्रभावकारिता, पहुंच तथा तर्कसंगत उपयोग सुनिश्चित करना।
  • डेटा अंडरटेकिंग एनालिटिक्स एकत्र करने तथा प्रभाव का आकलन करने  हेतु प्रासंगिक तकनीकी क्षेत्रों, उपकरणों एवं कार्यप्रणाली में मानदंड, मानक एवं दिशा निर्देश विकसित करना।
    • वर्तमान टीएम डेटा बैंकों, आभासी पुस्तकालयों एवं शैक्षणिक  तथा अनुसंधान संस्थानों के सहयोग से डब्ल्यूएचओ टीएम सूचना विज्ञान केंद्र की परिकल्पना करना।
  • उद्देश्यों की प्राप्ति के लिए प्रासंगिकता के क्षेत्रों में विशिष्ट क्षमता निर्माण एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम विकसित करना तथा परिसर, आवासीय, या वेब-आधारित तथा डब्ल्यूएचओ अकादमी एवं अन्य रणनीतिक भागीदारों के साथ साझेदारी के माध्यम से प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करना।

 

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