Correct option is B
सही उत्तर: (B) अनादि
व्याख्या:
स्वर संधि वह प्रक्रिया होती है जिसमें दो स्वर मिलकर एक नया स्वर बनाते हैं। स्वर संधि के प्रमुख भेद निम्नलिखित होते हैं:
स्वर संधि वह प्रक्रिया होती है जिसमें दो स्वर मिलकर एक नया स्वर बनाते हैं। स्वर संधि के प्रमुख भेद निम्नलिखित होते हैं:
गुण - जब एक स्वर दूसरे स्वर के कारण गुणात्मक परिवर्तन करता है।
दीर्घ - जब कोई स्वर दीर्घ हो जाता है।
वृद्धि - जब स्वर में वृद्धि होती है, यानी स्वर का रूप बदलकर बड़ा होता है।
अनादि शब्द स्वर संधि के भेद के रूप में प्रयोग नहीं होता, इसका अर्थ "जो बिना किसी शुरुआत के हो" या "अशाश्वत" होता है, और यह स्वर संधि का भेद नहीं है।
विकल्पों का विश्लेषण:
विकल्प | विश्लेषण | सही / गलत |
|---|---|---|
(A) गुण | गुण स्वर संधि का भेद है, इसमें स्वर गुणात्मक परिवर्तन करते हैं। | शुद्ध |
(B) अनादि | "अनादि" स्वर संधि का भेद नहीं है, यह एक अलग शब्द है। | गलत |
(C) दीर्घ | दीर्घ स्वर संधि का भेद है, जिसमें स्वर दीर्घ होते हैं। | शुद्ध |
(D) वृद्धि | वृद्धि स्वर संधि का भेद है, जिसमें स्वर में वृद्धि होती है। | शुद्ध |
अतिरिक्त जानकारी :
संधि | परिभाषा |
|---|---|
स्वर संधि | दो स्वरों के मेल से होने वाले विकार (परिवर्तन) को स्वर-संधि कहते हैं। |
उदाहरण | मुनि + ईश = मुनीश |
मुख्य रूप से संधि के तीन प्रकार होते हैः-
• स्वर संधि
• व्यंजन संधि
• विसर्ग संधि
स्वर संधि के 5 भेद: |
|---|
दीर्घ संधि |
गुण संधि |
वृद्धि संधि |
अयादि संधि |
यण संधि |
निष्कर्ष:
"अनादि" स्वर संधि का भेद नहीं है।
इसलिए, सही उत्तर: (B) अनादि।
इसलिए, सही उत्तर: (B) अनादि।