Correct option is C
अपादान कारक:
> वह कारक जिसमें अलगाव, निष्क्रमण या दूरी का बोध होता है। इसमें "से" विभक्ति का प्रयोग होता है।
> अपादान कारक में अलगाव के अलावा भय के अर्थ में भी अपादान कारक का प्रयोग किया जाता है।
> "वाक्य में जिस स्थान या वस्तु से किसी व्यक्ति या वस्तु की पृथकता अथवा तुलना का बोध होता है, वहाँ अपादान कारक होता है।"
> यानी अपादान कारक से जुदाई या विल्गाव का बोध होता है।
> प्रेम, घृणा, लज्जा, ईर्ष्या, भय और सीखने आदि भावों की अभिव्यक्ति के लिए अपादान कारक का ही प्रयोग किया जाता है।
> अपादान कारक का भी विभक्ति चिन्ह 'से' होता है। उदाहरण- पेड़ से आम नीचे गिर गया।- उदाहरण:
- "यमुना नदी हिमालय से निकलती है" (निष्क्रमण)।
- "बिल्ली छत से कूदी" (अलगाव)।
- "वह चूहे से डरता है" (अलगाव/कारण)।
- उदाहरण:
करण कारक: वह कारक जिसमें साधन या माध्यम का प्रयोग दिखता है। इसमें भी "से" विभक्ति का प्रयोग होता है।
- उदाहरण:
- "पिताजी कार से गए हैं"। यहाँ "कार" साधन है, जिससे यात्रा की जा रही है।
- उदाहरण:
A यमुना नदी हिमालय से निकलती है।
- यहाँ "हिमालय से" का अर्थ निष्क्रमण (अलगाव) है।
- यह अपादान कारक का उदाहरण है।
B बिल्ली छत से कूदी।
- यहाँ "छत से" का अर्थ है अलगाव।
- यह भी अपादान कारक का उदाहरण है।
C पिताजी कार से गए हैं।
- यहाँ "कार से" का अर्थ साधन (माध्यम) है।
- यह करण कारक का उदाहरण है, न कि अपादान कारक।
D वह चूहे से डरता है।
- यहाँ "चूहे से" का प्रयोग भय दर्शाने के लिए किया गया है।
- यह भी अपादान कारक का उदाहरण है।
"पिताजी कार से गए हैं" में "से" का प्रयोग साधन (माध्यम) को दर्शाता है, इसलिए यह करण कारक है, न कि अपादान कारक।
अतः सही उत्तर है: C पिताजी कार से गए हैं।